इंद्रप्रस्थ विश्व संवाद केन्द्र


नई दिल्ली, 23 जनवरी। क्रीड़ा भारती , दिल्ली द्वारा 16 जनवरी से 23 जनवरी सूर्यनमस्कार महायज्ञ के रूप में एक भव्य कार्यक्रम की योजना की गई जिसके समापन कार्यक्रम के रूप में 23 जनवरी को दिल्ली के कुछ प्रमुख स्थानों के साथ- 2 अनेक स्थानों पर सूर्यनमस्कार किए गए ।

 

 

 

दिल्ली के प्रमुख स्थानों पर स्थापित स्वतंत्रता सेनानियों की प्रतिमाओं पर एक साथ एक ही समय पर पुष्पार्चन का कार्यक्रम हुआ। नेताजी सुभाषचंद्र बोस की 125 वीं जयंती ‘ पराक्रम दिवस ’ पर नेताजी को श्रद्धा सुमन अर्पित किए गए।

   

स्वतंत्रता के अमृत महोत्सव एवं पराक्रम दिवस के अवसर पर रविवार 23 जनवरी को क्रीडा भारती द्वारा राजधानी दिल्ली में एक बहुत ही उत्साहवर्धक , भव्य कार्यक्रम का योजना किया गया। इस वर्ष भारत अपनी स्वतंत्रता की 75 वीं वर्षगांठ को अमृत महोत्सव के रूप में मना रहा है। स्वतंत्रता के अमृत महोत्सव के इस कार्यक्रम के उपलक्ष्य में पूरे देश भर में 75 करोड सूर्य नमस्कार करने का एक लक्ष्य रखा गया है। इसी श्रंखला में क्रीड़ा भारती द्वारा दिल्ली में भी रविवार 23 जनवरी को एक भव्य व अभूतपूर्व सूर्यनमस्कार कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

 

रविवार को महानतम स्वतंत्रता सेनानी नेताजी सुभाष चन्द्र बोस की 125 वीं जंयती भी थी जिसे हम पराक्रम दिवस के रूप में मानते है। कार्यक्रम की शुरुआत में सर्व प्रथम दिल्ली के प्रमुख स्थानों स्थापित स्वतंत्रता सेनानियों की प्रतिमाओं पर एक साथ एक ही समय पर पुष्पार्चन किया गया।

 

इन प्रमुख स्थानों में शामिल है - जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय , दीनदयाल उपाध्याय कॉलेज , भगत सिंह कॉलेज , शहीद राजगुरू कॉलेज , रानी लक्ष्मीबाई कॉलेज , स्वामी श्रद्धानंद कॉलेज , अदिति कॉलेज , दिल्ली विश्वविद्यालय में स्थित स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा , अंबेडकर भवन , अम्बेडकर भवन में स्थित बाबा साहब भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा एवं पंजाबी बाग के भारत दर्शन पार्क में स्थापित इंडिया गेट की प्रतिमूर्ति।

इन सभी स्थानों पर सुबह ठीक 11:00 बजे एक साथ समाज की विभिन्न विभूतियों यथा पूर्व सैनिकों , शैक्षणिक ,   तथा सामाजिक संगठनों व खेल जगत के प्रतिनिधियों द्वारा नेताजी सुभाषचंद्र बोस , शहीद भगत सिंह , राजगुरु , सुखदेव , स्वामी विवेकानंद , अदिति , महारानी लक्ष्मीबाई , बाबा साहब भीम राव अम्बेडकर , पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमाओं पर पुष्पार्चन किया गया।

 

स्वतंत्रता संग्राम की विभूतियों के पुष्पार्चन के बाद सूर्य नमस्कार कार्यक्रम प्रारंभ हुआ। कोरोना वायरस की तीसरी लहर के कारण लोगों की सुरक्षा को पहली प्राथमिकता देते हुए सूर्य नमस्कार कार्यक्रम के आयोजन स्थल पर सिर्फ 25 – 30 लोग ही शामिल हुए तथा बाकी लोगों ने अपने-अपने घरों पर ही अपने परिवार के साथ सूर्य नमस्कार किया तथा वर्चुअल माध्यम Zoom से 800 स्थानों जिसमे प्रत्येक स्थान पर 20-25   लोगों ने व youtube के माध्यम से हजारों बन्धु- भगिनी कार्यक्रम में शामिल हुए। इस प्रकार वर्चुअल माध्यम Zoom से 25-30 हजार व Youtube के माध्यम से भी हजारों लोग शामिल हुए।

 

मुख्य कार्यक्रम स्थल के अतिरिक्त विभिन्न खेल स्थानों , विद्यालयों , कॉलेजों , कोचिंग संस्थानों एवं आरडब्ल्यू इत्यादि में भी सूर्य नमस्कार कार्यक्रम का आयोजन किया गया तथा सभी लोग वर्चुअल माध्यम से जुड़े। दिल्ली यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रोफेसर योगेश सिंह , आईआईएमसी के डायरेक्टर जनरल श्री संजय द्विवेदी , माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो के जी सुरेश , महाराष्ट्र के पूर्व पुलिस महानिदेशक प्रवीण दीक्षित , दिल्ली के पूर्व पुलिस आयुक्त बी एस बस्सी , सुधांशु जी महाराज , क्रिकेटर एवं पूर्वी दिल्ली के सांसद गौतम गंभीर , ओलंपियन दीपा मलिक , फिल्म अभिनेत्री ईशा गुप्ता , मुक्केबाज धर्मेन्द्र यादव इत्यादि भी वर्चुअल माध्यम से कार्यक्रम में शामिल हुए।

 

कार्यक्रम में मुख्य वक्ता क्रीड़ा भारती के अखिल भारतीय महामंत्री राज चौधरी ने बताया कि जब से क्रीड़ा भारती की स्थापना हुई तब से ही विद्यालयों में जाकर सूर्य नमस्कार सिखा रहे हैं। आज जब देश की स्वतंत्रता के 75 वर्ष पूर्ण हुए हैं तो इस अवसर पर सम विचारी संगठनों ने मिलकर के 75 करोड सूर्य नमस्कार लक्ष्य रखा हुआ है। उन्होंने कहा कि सूर्य नमस्कार शरीर को स्वस्थ रखने में बहुत ही लाभदायक है। यह शरीर में लचीलापन लाता है तथा मन , मस्तिष्क को भी शांत रखता है। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि वह प्रतिदिन केवल 10 मिनट निकालें और नित्य सूर्य नमस्कार अवश्य करें।

 

उन्होंने कहा की जीवन में खेल बहुत जरुरी है। यह आपके शरीर को स्वस्थ रखता है और आपको दवाइयों से दूर रखता है। कीड़ा भारती के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा कि क्रीडा भारती समाज में सब को साथ लेकर के काम कर रहा हैं। हम समाज में खेल के प्रति जागरूकता पैदा कर रहे हैं। हम खिलाड़ियों में यह जागरूकता कर रहे हैं कि वह देश के लिए खेलें तथा हमारे लिए राष्ट्र सर्वप्रथम हो।

आगे उन्होंने कहा की क्रीड़ा भारती एकमात्र ऐसा संगठन है जिसके निर्णय लेने वाले मंडल में कम से कम एक बहन का होना आवश्यक है। कीड़ा भारती के दिल्ली प्रांत के अध्यक्ष एवं अर्जुन अवार्ड विजेता भानू सचदेवा ने धन्यवाद ज्ञापन करते हुए जनता से निवेदन किया कि वह सूर्य नमस्कार करते हुए अपना एक वीडियो हमें भेजें क्रीडा भारती उन्हें सर्टिफिकेट भी देगी।

 

इस कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ   दिल्ली के माननीय प्रान्त संघचालक श्री कुलभूषण आहूजा जी की भी मुख्य अतिथि के नाते गरिमामय उपस्थिति रही।